जब एक हिन्दू लड़की से पूछा गया ! क्या तुम अपने भाई से शादी कर सकती हो ? जाने उसका जवाब

शादी एक ऐसा बंधन है जो दो दिलों को जोड़कर एक ऐसा रिश्ता बनाता है जो सात जन्मों तक नहीं टूटता. कहा जाता है की हर एक लड़की और लड़के के शादी के लिए अनेक सपने होते हैं. वहीँ जब बात अलग-अलग धर्म की आती है तो देखा जाता है की कुछ धर्मों में भाई और बहन की भी शादी करवा दी जाती है. हालांकि हिन्दू धर्म में भाई और बहनों में शादी करवाना पाप माना जाता है. भाई बहन तो क्या समान गौत्र में भी अगर कोई शादी करता है तो उसे भी पाप के समान माना जाता है. खैर अनेक धर्म ऐसे भी है जहाँ अपने परिवार से अलग कहीं शादी रचाने पर पाप समझा जाता है. हाल ही में फेसबुक पर पोस्ट आया जिसमे पूछा गया था की क्या आप अपने भाई से शादी कर सकती हो ? इस पोस्ट पर लड़कियों के कैसे कमेंट थे आइये पढ़ते हैं.

यह क्या कह रहे हो ?

एक लड़की ने इस पोस्ट पर यह कमेंट किया की यह क्या लिखा है आपने ? ऐसे सवाल भी पूछने के होतें है क्या? खैर जब आपने पूछा है और अनेक राज्यों और अनेक धर्मों में ऐसा होता है, पर मैं हिन्दू धर्म में पैदा हुई हूँ. और मुझे लगता है की भाई और बहन को कभी भी आपस में शादी नहीं करनी चाहिए. क्योंकि ऐसा करने पर दिल नहीं सिर्फ रिश्ते बदलते हैं और मैंने सुना है की शादी में दिलों का मिलन होता है. और मैं उस अहसास को पाना चाहती हूँ, अगर मैं मेरे भाई से शादी करूं तो ऐसा कदापि नहीं होगा. क्योंकि हमारी शादी में सिर्फ रिश्ते बदलेंगे और कुछ नहीं.

इतिहास पढो और कुछ विज्ञान आपको आपके सवाल का जवाब मिल जाएगा

एक लड़की ने लिखा की आपने यह बेहूदा सवाल तो कर दिया. पर मैं सोचती हूँ की आपको यह सवाल पूछने की जरूरत ही क्यों पड़ी. अगर आप शास्त्र पढ़ लेते या फिर विज्ञान के कुछ अंश पढ़ लेते तो आप समझ जाते की कोई भी लड़की और लड़का अपने भाई या बहन से शादी नही करना चाहेगा. हिन्दू धर्म में समान गौत्र में शादी नहीं होती है. वहीँ विज्ञान भी कहता है की एक जैसे जिन के लोग अगर आपस में शादी करते है तो उनके बच्चे या तो अविकार पैदा होते है या फिर बहुत ही खतरनाक तरीके के होते हैं. और मुझे नहीं लगता की कोई भी अपने बच्चों का ऐसा रूप देखना चाहेगा.

नहीं बिलकुल भी नहीं और जो करती है उन्हें भी नहीं करने को कहूँगी

एक हिन्दू लड़की ने लिखा की मैं नहीं चाहती की मेरी शादी मेरे भाई से हो. और मेरे धर्म में यह होता भी नहीं है, हाँ कुछ धर्म है जहां ऐसा होता है. मैं तो यही कहूँगी की आज के युवाओं को अपने तरीके से जिन्दगी जीनी चाहिए और अपना जीवनसाथी अपनी बहन या भाई में ना देखें. क्योंकि यह सब गलत है यह तो विज्ञान भी कहता है.